रेलवे चलायेगा 1200 श्रमिक स्पेशल गाड़ियां




नयी दिल्ली, भारतीय रेलवे ने विभिन्न स्थानों पर फंसे श्रमिकों, तीर्थ यात्रियों, पर्यटकों, छात्रों और अन्य व्यक्तियों को उनके गृहक्षेत्र तक पहुंचाने के लिए बीते एक पखवाड़े में आठ सौ से अधिक श्रमिक स्पेशल गाड़ियां चला कर दस लाख से ज़्यादा यात्रियों को अपने घर तक पहुंचाया है। रेलवे इसके अलावा 1200 श्रमिक स्पेशल गाड़ियां चला कर 15 लाख और लोगों को गंतव्य तक पहुंचाने के लिए तैयार है।



वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने यहां संवाददाता सम्मेलन में कहा कि सरकार ने अब तक दस लाख श्रमिकों को घर पहुंचाया है और इसके अलावा रेलवे 1200 श्रमिक स्पेशल और चलाने को तैयार है। लेकिन इसके लिए राज्यों की मांग आनी चाहिए। श्रमिक स्पेशल गाड़ियां राज्यों के अनुरोध पर ही चलायीं जा रहीं हैं।



रेलवे के आधिकारिक सूत्रों के अनुसार एक मई से 14 मई तक विभिन्न राज्यों से कुल 800 ‘श्रमिक स्पेशल’ ट्रेनें चलाई गईं जिनके माध्यम से 10 लाख से अधिक यात्री अपने गृह राज्य पहुंच चुके हैं। यात्रियों को भेजने वाले और उन्‍हें अपने यहां लेने वाले राज्‍य की सहमति के बाद ही रेलवे द्वारा ट्रेनें चलाई जा रही हैं। सूत्रों के अनुसार 800 गाड़ियों से दस लाख यात्रियों को गंतव्य तक पहुंचाया गया है तथा 1200 अन्य श्रमिक स्पेशल से करीब 15 लाख और लोगों को पहुंचाया जा सकेगा। इस प्रकार से श्रमिक स्पेशल से यात्रा करने वालों की कुल संख्या 25 लाख तक हो सकती है।



सूत्रों के अनुसार इन 800 ट्रेनों को विभिन्न राज्यों जैसे आंध्र प्रदेश, बिहार, छत्तीसगढ़, हिमाचल प्रदेश, जम्मू और कश्मीर, झारखंड, कर्नाटक, मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र, मणिपुर, मिजोरम, ओडिशा, राजस्थान, तमिलनाडु, तेलंगाना, त्रिपुरा, उत्तर प्रदेश, उत्‍तराखंड और पश्चिम बंगाल तक चलाया गया। ट्रेन में चढ़ने से पहले यात्रियों की उचित जांच सुनिश्चित की जाती है। यात्रा के दौरान यात्रियों को मुफ्त भोजन और पानी दिया जाता है।



रेलवे ने तीन दिन पहले शुरू की गयीं 15 विशेष ट्रेनों के लिये ढाई लाख से अधिक यात्रियों ने बुकिंग करायी है। राजधानी एक्सप्रेस के स्तर की इन विशेष ट्रेनों के लिए रेलवे अभी तक केवल कन्फर्म टिकट जारी कर रही है लेकिन 22 तारीख से उसने प्रतीक्षा सूची के टिकट सीमित संख्या में जारी करने का निर्णय लिया है लेकिन वेटिंग का टिकट रखने वालों को यात्रा की अनुमति नहीं दी जाएगी। प्रथम एसी के लिए 20, द्वितीय एसी के लिए 50 और तृतीय एसी के लिए 100 वेटिंग तक के टिकट जारी किये जाएंगे।