देश मे मानसून के आने को लेकर, मौसम विभाग ने की बड़ी भविष्यवाणी




दिल्ली, इसबार देश मे मानसून के आने को लेकर, मौसम विभाग ने बड़ी भविष्यवाणी की है.



भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) की भविष्यवाणी के मुताबिक मानसून 15 मई को बंगाल की दक्षिण खाड़ी के मध्य भागों में छलांग लगाते हुए श्रीलंका में दस्तक देगा. 16 मई की शाम तक दक्षिण-पश्चिम और उससे सटे पश्चिम-मध्य खाड़ी पर एक चक्रवाती तूफान आ सकता है.



आईएमडी के महानिदेशक मृत्युंजय महापात्र ने कहा कि चक्रवात मानसून की प्रगति में मदद करेगा, जो इस साल सामान्य रहने की संभावना है.



 मौसम विभाग ने मानसून को लेकर आज बड़ी घोषणा करते हुए कहा है कि अंडमान सागर और अंडमान और निकोबार आइलैंड पर मानसून इस बार जल्दी आने वाला है. मौसम विभाग के मुताबिक 16 मई के आसपास मानसून पहुंच जाएगा.



मानसून आमतौर पर 20 मई के आस-पास अंडमान-निकोबार द्वीपसमूह पहुंचता है। पिछले महीने इसके वहां पहुंचने की संभावना संबंधी तिथि संशोधित करके 22 मई बताई गई थी। इसके बाद मानसून को केरल पहुंचने में 10 से 11 दिन लगते हैं और फिर भारत में बारिश की शुरुआत होती है।



इसबार केरल में मानसून की शुरुआत 1 जून से हो सकती है. जिसके बाद ये कयास लगाए जा रहे हैं की इस बार देश में चार महीने तक बारिश का मौसम रहेगा.



चेन्नई में 1 से 4 जून तक की तारीखों को संशोधित किया गया है.चेन्नई में यह एक जून के बजाए चार जून को पहुंचेगा। मुंबई एवं कोलकाता में 10 जून के बजाय 11 जून तक दस्तक देगा। इसी तरह, मुंबई और कोलकाता के लिए 10 से 11 जून तक और महाराष्ट्र, गुजरात, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, तेलंगाना, आंध्र प्रदेश, ओडिशा, झारखंड, बिहार और उत्तर प्रदेश के कुछ हिस्सों में, मानसून मौजूदा सामान्य तारीखों की तुलना में 3-7 दिनों की देरी से आएगा.



राष्ट्रीय राजधानी के लिए, मानसून की सामान्य शुरुआत की तारीख 23 जून से 27 जून तक संशोधित की गई है. नई दिल्ली में बारिश सामान्य तौर पर 23 जून को दस्तक देती थी। इस साल इसकी तारीख 28 जून बताई जा रही है। पश्चिमोत्तर भारत में मानसून 15 जुलाई के बजाए आठ जुलाई को पहुंचेगा। दक्षिण भारत से मानसून की वापसी की नई तारीख 15 अक्तूबर है।