ऐसा टूर्नामेंट जिसमें खेलकर इतने खिलाड़ियों ने राष्ट्रीय टीम में जगह बनाई




नयी दिल्ली , स्थानीय टूर्नामेंट किसी भी खेल में देश की नर्सरी होते हैं जहां खेलकर और अपनी प्रतिभा साबित कर खिलाड़ी राष्ट्रीय टीम में जगह बनाने का सपना पूरा करते हैं। राजधानी दिल्ली का अखिल भारतीय ओम नाथ सूद मेमोरियल क्रिकेट टूर्नामेंट ऐसी ही एक नर्सरी है जिसमें खेलकर 53 खिलाड़ियों ने राष्ट्रीय टीम में जगह बनाई है।



ओम नाथ सूद मेमोरियल क्रिकेट टूर्नामेंट के आयोजन सचिव प्रमोद सूद ने बताया कि उनके टूर्नामेंट ने कई खिलाड़ियों के लिए राष्ट्रीय टीम में जाने का मार्ग प्रशस्त किया है। उन्होंने बताया कि आकाश चोपड़ा इस टूर्नामेंट के पहले ऐसे खिलाड़ी बने जिन्होंने आगे चल कर भारतीय टीम में स्थान बनाया। सूद ने बताया कि 29वें टूर्नामेंट की समाप्ति तक इस टूर्नामेंट में शिरकत वाले 53 खिलाड़ियों ने भारतीय टीम में जगह बनाई। भारतीय टीम के कप्तान विराट कोहली, शिखर धवन, दीपक चाहर, युजवेंद्र चहल, इशांत शर्मा, भुवनेश्वर कुमार, ऋषभ पंत आदि खिलाड़ी भी इस टूर्नामेंट में खेल चुके हैं और इस समय भारतीय टीम का प्रतिनिधित्व कर रहे हैं।



प्रमोद सूद ने बताया कि कोरोना वायरस के कारण लगातार पिछले 29 वर्षों से होने वाला ओम नाथ सूद क्रिकेट टूर्नामेंट भी इस वर्ष अधर में लटक गया है। डीडीए का राष्ट्रीय स्वाभिमान खेल परिसर, पीतमपुरा को 30वें टूर्नामेंट के लिए बुक करवा लिया गया था और 24 टीमों ने भी इस टूर्नामेंट में खेलने की पुष्टि भी कर दी थी कि अचानक कोरोना के कारण टूर्नामेंट कमेटी ने टूर्नामेंट को उस समय तक स्थगित करने का निर्णय लिया कि जब तक न केवल दिल्ली बल्कि पूरा देश इस जानलेवा वायरस से मुक्त न हो जाए। टूर्नामेंट कमेटी सरकार के आदेश के आने के बाद ही कोई निर्णय लेगी जिससे कि मैच के दौरान खिलाडियों के स्वास्थ्य पर कोई प्रतिकूल असर ना पड़े।



इस टूर्नामेंट की शुरुआत 26 मार्च, 1994 को आधी मैटिंग पर रानी बाग़ के रेलवे मैदान में हुई। उस समय इस टूर्नामेंट में 26 टीमों ने भाग लिया था। क्वॉर्टरफाइनल तक के सभी मैच 30-30 ओवरों के खेले गए जबकि सेमीफाइनल और फाइनल मैच 40-40 ओवरों के खेले गए। विजेता रोहतक रोड जिमखाना और उपविजेता अजमल खान कोचिंग सेंटर के मध्य खेला गया फाइनल अशोक विहार स्पोर्ट्स कॉम्पलेक्स के मैदान पर पहली बार टर्फ पिच पर खेला गया।